Dieting tips | Weight Loss Tips and Tricks | वजन घटाते समय जरूर बरतें ये सावधानी |

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Dieting tips | Weight Loss Tips and Tricks | वजन घटाते समय जरूर बरतें ये सावधानी
Weight Loss Tips and Tricks | वजन घटाते समय जरूर बरतें ये सावधानी

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Dieting tips | Weight Loss Tips and Tricks | वजन घटाते समय जरूर बरतें ये सावधानी 

Dieting tips : वजन कम करना एक काफी लंबा प्रोसेस है. बढ़ाना जितना आसान है।वजन कम करना उतना ही मुश्किल काम है। वजन कम करने के लिए आपको कई चीजें करनी होती हैं।जिनमें जिम, डाइटिंग, सही खाने का चुनाव करना महत्वपूर्ण होता है। वजन कम करने के लिए लोग अक्सर सभी चीजों को फॉलो करते हैं। लेकिन ऐसे कई लोग हैं, जो वजन कम करने के लिए डाइटिंग करते हैं।

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शरीर का वजन कम करने के लिए डाइटिंग का सहारा लेना सबसे सही माना जाता है। लेकिन डाइटिंग करते समय कुछ चीजों का ध्यान रखना काफी जरूरी होता है। जिनमे मुख्य है कि आप अपनी डाइटिंग कैसे कर रहे हैं। और डाइटिंग से पहले क्या करते हैं, ताकि कोई साइड इफेक्ट न हों।

इसके अलावा डायटिंग (Dieting) करने के साथ ध्यान दे की आपको सही समय पर भोजन करना है। कई बार लोग वजन कम करने में इतना ध्यान देते हैं कि वो ये भूल जाते हैं।कि वजन कम करने के दौरान खाने का सही समय क्या होता है। इससे (सही समय पर भोजन करना) आपको अपना फेवरेट खाना छोड़ने की कोई जरूरत नहीं पड़ेगी। साथ ही इस बात का ध्यान रखने की जरूरत है, कि कितने मात्रा में कैलोरी का सेवन करना चाहिए।बल्कि इस बात का भी ध्यान रखना चाहिए कि आपको किस समय क्या और कितना खाना चाहिए।

वरना जो लोग डायटिंग (Dieting) करते है । उन्हें अपनी पसंदीदा चीजे छोड़नी पड़ती है। डाइटिंग की इस विधि को इंटरमिटेंट फास्टिंग कहा जाता है। इसका मूल सिद्धांत एक निर्धारित अवधि के लिए कैलोरी का सेवन बंद करना है। अगर आप भी डाइट कर रहे हैं, तो आर्टिकल में बताई हुई बातों का जरूर ध्यान रखें। क्युकी बीते दिनों दुनिया के बेस्ट स्पिनर शेन वॉर्न का 52 साल की उम्र में दिल का दौरा पड़ने से (4 मार्च 2022) को मौत हो गई थी। मिली जानकारी के मुताबिक, वे अपने विला में बेहोश पाए गए थे।

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उनके दोस्त उन्हें हॉस्पिटल भी लेकर गए, लेकिन उनकी जान नहीं बच सकी। शेन वॉर्न की मौत के बारे में अलग-अलग बातें सामने आ रही हैं। कुछ रिपोर्ट दावा कर रही थीं, कि वे अधिक शराब पीते थे। तो कुछ रिपोर्ट दावा कर रही थीं, कि वे ड्रग्स भी लेते थे। लेकिन हाल ही में शेन वार्न के लंबे समय से रहे मैनेजर जेम्स एर्स्किन ने कहा ‘यह बात पूरी तरह गलत है। कि शेन वॉर्न शराब या या ड्रग्स का सेवन करते थे।

वे शराब और ड्रग्स को हाथ भी नहीं लगाते थे। शेन वॉर्न थाईलैंड में अपने दोस्तों के साथ छुट्टियां मना रहे थे । वे वेट लॉस डाइट फॉलो कर रहे थे, क्योंकि वे वजन कम करके पहले की तरह फिट होना चाहते थे । लेकिन sangeetaspen.com यह दावा नहीं करता हैं, कि शेन वॉर्न की मौत वेट लॉस डाइट के कारण हुई है,’

हालांकि उनकी अभी तक आई रिपोर्ट के मुताबिक, उनकी मौत का कारण हार्ट अटैक बताया गया है।तो आइये अब जानते है। हमें अपना डायटिंग रूटीन कैसे सेट करना है। जिससे हम स्वस्थ और फिट रहे।सबसे पहले जानते है, की डाइटिंग से पहले हमे क्या करना है। 

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Dieting tips | Weight Loss Tips and Tricks | वजन घटाते समय जरूर बरतें ये सावधानी
Weight Loss Tips and Tricks

डाइटिंग से पहले

बॉडी मास इंडेक्स (BMI)

आपका शरीर सामान्य है या नहीं यह बीएमआई देखकर पता चलता है ।
18.5 से कम अंडरवेट
18-25 सामान्य
25-30 मोटे
30 से 40 अत्यधिक वजनी
40 मॉर्बिड ओबेसिटी

ऐसे निकालें बीएमआई (BMI)

व्यक्ति की लंबाई (मीटर) को दोगुना कर उसमें वर्तमान के वजन किलोग्राम से भाग देकर बीएमआई (BMI) निकालते हैं।

जांचें कमर का घेरा

इसे सेंट्रल ओबेसिटी कहते हैं। कमर का घेरा कम और ज्यादा वजन को दर्शाता है। इसमें वजन शरीर के अन्य हिस्सों की तुलना में तोंद के रूप में उभरता है। महिलाओं की कमर का घेरा 30 व पुरुषों का 34 इंच होना चाहिए। महिलाओं में 36 व पुरुषों में 40 इंच से ऊपर होना हृदय रोगों की आशंका बढ़ाता है।

अब जानते है की इंटरमिटेंट फास्टिंग क्या है और इसे कैसे करते है साथ ही जानेगे डायटिंग से सम्बन्धित अन्य खास बाते

इंटरमिटेंट फास्टिंग में, आप खाने और उपवास की अवधि के बीच उतार-चढ़ाव करते हैं। इसका मतलब हो सकता है, कि आठ घंटे के दौरान भोजन करना और दिन के अन्य 16 घंटों के लिए उपवास करना, सप्ताह में एक दिन उपवास करना या उपवास अवधि में 500 कैलोरी तक भोजन का सेवन सीमित करना। या आप यह भी कह सकते है, कि आपका शरीर जमा ग्लूकोज का उपयोग करता है । और ऊर्जा प्राप्त करने के लिए वसा को तोड़ना शुरू कर देता है।

इंटरमिटेंट फास्टिंग के तरीके

अगर आप इंटरमिटेंट फास्टिंग को फॉलो करना चाहते हैं तो उसके लिए जरूरी है कि आप अपने दिन या हफ्ते को फास्टिंग और खाने के समय में विभाजित करें।इंटरमिटेंट फास्टिंग को फॉलो करने के तरीके हैं।

  • पहला तरीका तो यह है कि आप एक दिन पूरा फास्ट रखें और दूसरे दिन खाना खाएं।जिस दिन आपका फास्ट हो उस दिन ध्यान की आप कम से कम खाना खाएं और ज्यादा से ज्यादा पानी पीएं।
  • दूसरा तरीका है कि आप एक दिन पूरा फास्ट रखें और दूसरेस दिन खाना खाएं। फास्ट वाले दिन में आप सिर्फ पानी और हर्बल टी पीएं।आपकी बॉडी में जीरो कैलोरी होनी चाहिए।
  • तीसरे तरीके में आपके समय के हिसाब से खाना खाना जरूरी है। इस दौरान आप केवल दिन से 6 से 8 घंटे के भीतर खाना खाएं, और बाकी के पूरे दिन फास्ट रखें। ऐसा करने से व्यक्ति का मेटाबॉलिजम में सुधार होता है।और वजन भी अच्छे से कम होता है।
  • चौथा तरीका यह है, कि आप हफ्ते के 5 दिन खाना खाएं और 2 दिन फास्ट रखें।आपको फास्टिंग के दौरान अपने कैलोरी सेवन को 600 कैलोरी तक सीमित रखना चाहिए। बाकी के दिन आप अपनी इच्छा का कुछ भी खा सकते हैं।
  • पांचवा तरीका काफी आसान हैं। इसके लिए आपको हफ्ते में एक दिन या महीने में एक दिन फास्टिंग करना चाहिए।

डाइटिंग के समय इन बातों का रखें खास ख्याल

क्या है वजन

शरीर के विभिन्न हिस्सों में जमा फैट कई तरह का होता है। फिजिकल एक्टिविटी करने पर फैट एनर्जी में बदलकर कम होता है। यह कार्बन डाइऑक्साइड व पसीने के रूप में बाहर आता है। साथ ही अंगों में जो फैट जमा होता है। वह यूरिन के जरिए निकलता है।

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डाइटिंग के बाद व्यायाम से न बनाएं दूरी

दोबारा बढ़ने की आशंका : वजन कम करने के लिए डाइटिंग के नाम पर कुछ भी खाना पाचनतंत्र को कमजोर करता है। ऐसे में नॉर्मल डाइट पर आते ही वजन धीरे-धीरे दोबारा बढ़ने लगता है। इसके लिए कार्डियो व वजन बरकरार रखने के लिए स्ट्रेंथनिंग वर्कआउट पर ध्यान दें। डाइट में प्रोटीन के लिए दालें, अंडा, सोया, सूखे मेवे व दूध उत्पाद लें। पत्तागोभी, बादाम, टमाटर, खीरा खाएं।

रोगों की आशंका : अधिक वजन डायबिटीज, हाई बीपी, अस्थमा का कारण है। महिलाओं में अधिक वजन से अनियमित माहवारी और पुरुषों में ब्रेन ट्यूमर के मामले ज्यादा हैं।

सावधानी: सुबह 7-8 बजे के बीच नाश्ता और सोने से दो घंटे पहले डिनर कर लें।

वजन कम करने का सही समय क्या है?

मानव शरीर में रोजाना कई बायोलॉजिकल बदलाव आते हैं। इसलिए आपको हर 3 से 5 घंटे में कुछ खाते रहना चाहिए । ताकि शरीर को सही तरीके से कार्य करने के लिए ऊर्जा मिल सके।और इसके लिए आप अपने खाने में कैलोरी शामिल कर सकते हैं। रोजाना एक ही समय पर खाना खाने से आपका वजन नियंत्रित रहता है । और आप मोटापे का शिकार नहीं बनते हैं। यदि आपके खाने का एक समय नहीं होगा तो आपके शरीर में फैट एकत्रित हो सकता है।

वजन कम करने के लिए सुबह की सुरुवात एक गिलास पानी से करे

सुबह उठते ही पानी पीने से आपको अपना वजन कम करने में काफी मदद मिल सकती है। इसके लिए आपको एक कम गर्म पानी में एक नींबू डालकर पीना है।और याद रखना है कि इसमें शुगर का प्रयोग नहीं करें। इसके आलावा आप अजवाइन का पानी या सादा गर्म पानी भी ले सकते है। यदि जरुरत हो तो आधा चम्मच शहद मिला सकते हैं। यदि आपको सुबह कॉफी या चाय पीने की आदत है, तो उसे अवॉइड करें और इसकी जगह गर्म पानी पीने की आदत डालें।

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वजन कम करने के लिए ब्रेकफास्ट कब करें

ब्रेकफास्ट हमेशा सुबह 8 बजे 9:30 के बिच में किसी भी समय कर ले। दिन की शुरुआत हमेशा हैवी ब्रेकफास्ट से करें, क्योंकि इससे आपको लंबे समय़ तक एनर्जी मिलती है। और आपको जल्दी भूख नहीं लगती। आपका ब्रेकफास्ट हाई प्रोटीन वाला होना चाहिए। इसमें कुछ मात्रा में कार्ब और फैट भी शामिल होना चाहिए।

वजन कम करने के लिए लंच कब करें

हमेशा लंच 3 बजे के पहले करना चाहिए। क्योंकि इससे आपका वजन अधिक कम होता है। सुबह 8 बजे और 2 बजे के बीच अपने कैलोरी के सेवन को सीमित करना आवश्यक होता है। समय से लंच करने पर आपकी मेटाबॉलिक फ्लेकसिबिलिटी बढ़ती है । जिससे वजन कम करने में मदद मिलती है।

डिनर करने का सही समय क्या है?

डिनर आपको 8 बजे से पहले करना चाहिए । क्योंकि इस वक्त आपका मेटाबॉलिज्म तेजी से काम करता है। और आपका खाना आसानी से पच जाता है । जिससे आपका फैट बर्न होता है। ध्यान रहे कि लंच और डिनर के बीच स्नैक्स जरूर खा लें ताकि आपको अधिक खाने की इच्छा ना हो।

नाश्ता, दिन का खाना और रात के खाने:

नाश्ता

वजन कम करने के दौरान आपको नाश्ते में दलिया, रैस्पबेरी, योगर्ट और उबला अंडा खाना चाहिए । क्योंकि इनमें कैलोरी कम मात्रा में होते हैं ।और फाइबर और कार्बोहाईड्रेट भी उच्च मात्रा में मौजूद होते हैं।जो आपके शरीर के अतिरिक्त फैट को बर्न करने में मदद करते हैं।

लंच:

लंच में आपको उबले आलू, साल्मन, चिकन ब्रेस्ट, अंडे, बीन्स और टूना का सेवन करना चाहिए। यह आपके वजन को नियंत्रित रखता है । क्योंकि इनमें फाइबर, प्रोटीन और लो फैट होता है।

डिनर:

वजन कम करना चाहते हैं, तो डिनर में आपको ग्रीन सलाद, लीन प्रोटीन, साबूत अनाज और साल्मन का सेवन करना चाहिए । क्योंकि इनमें प्रचुर मात्रा में पोषक तत्व मौजूद होते हैं । और कैलोरी भी कम मात्रा में होती है।

डायटिंग से सम्बन्धित अन्य खास बाते

अक्सर लोग वजन कम करने के लिए काफी स्ट्रिक्ट डाइट फॉलो करते हैं, जिससे उन्हें कई शारीरिक समस्याएं हो सकती  हैं।  लेकिन फिर भी जो लोग वजन कम करने के लिए स्ट्रिक्ट डाइटिंग करते हैं, उन्हें कुछ बातों का ध्यान रखना चाहिए।

Dieting tips | Weight Loss Tips and Tricks | वजन घटाते समय जरूर बरतें ये सावधानी
Dieting tips

वेट लॉस डाइट (डायटिंग) फॉलो कर रहे हैं, तो हो सकती हैं शारीरिक समस्याएं

फिजिकल फिटनेस पर असर

 कुछ रिपोर्ट दावा करती हैं । कि डाइटिंग करने से आपके शरीर पर काफी प्रभाव पड़ता है। डाइट करने से मस्कुलर स्ट्रेंथ कम होती है, बाल झड़ने लगते हैं, डिहाइड्रेशन हो सकता है, हार्ट रेट स्लो हो सकती है आदि।

चक्कर आते हैं

कई लोगों को डाइटिंग के दौरान भूख भी लगती है और उसे कंट्रोल करके खाना न खाना काफी मुश्किल हो सकता है। अगर किसी को भूख लग रही है। और वह डाइट के कारण खाना नहीं खा रहा है, तो उसे गैस भी बन सकती है या फिर चक्कर भी आ सकते हैं ।

विटामिन और मिनरल की कमी

डाइटिंग के दौरान शरीर में कुछ समय के लिए विटामिन और मिनरल की कमी हो सकती है। इसका कारण है कि लोग डाइट के दौरान कम कैलोरी का का सेवन करते हैं, जिससे शरीर की जरूरत के मुताबिक, विटामिन और मिनरल शरीर में नहीं पहुंच पाते।

थकान और सुस्ती

पहले जो लोग अधिक खाना खाया करते थे, वे लोग डाइट के कारण कम खाना शुरू कर देंगे, तो बॉडी उस तरह से रिएक्ट नहीं करेगी,जैसा पहले करती थी। बॉडी एनर्जी को बचाना शुरू कर देगी, ताकि उस एनर्जी को भविष्य में प्रयोग किया जा सके।ऐसे में थकान और सुस्ती आना काफी आम बात है।

स्ट्रेस बढ़ा सकती है

कुछ रिपोर्ट दावा करती हैं, कि जब तक शरीर को पर्याप्त खाना नहीं मिलने से आप थका हुआ महसूस करेंगे, जिससे मेंटल हेल्थ पर काफी असर पड़ता है।अगर महिलाएं डाइटिंग करती हैं, तो उन्हें पीरियड्स में भी काफी अनियमितताएं देखने को मिल सकती हैं।

अगर आप वजन कम करने के लिए डाइटिंग कर रहे हैं, तो हमेशा किसी एक्सपर्ट की सलाह लेकर ही डाइट तैयार करें। जल्दी वजन कम करने के कारण मेंटनेंस कैलोरी से सिर्फ 200-300 कैलोरी कम खाएं । अगर आप मेंटनेंस से कम कैलोरी खाएंगे तो उससे शरीर को काफी नुकसान हो सकता है।

वेट लॉस डाइट में पर्याप्त मात्रा में फल, हरी-सब्जियां जरूर शामिल करें, क्योंकि इनसे विटामिन, मिनरल और एंटी-ऑक्सीडेंट की पर्याप्त मात्रा मिल पाएगी।

कॉम्प्लेक्स कार्ब के सोर्स जैसे चावल, रोटी, ब्राउन ब्रेड, ओट्स को भी डाइट में शामिल करें, क्योंकि ये शरीर को एनर्जी देते हैं, जिससे दिन भर ताकत बनी रहती है।

कम कैलोरी लेने के बाद शरीर को आराम देना भी काफी जरूरी है। अगर आप आराम नहीं करेंगे, तो दिन भर थकान और सुस्ती महसूस होगी।

डाइट फॉलो करने के दौरान पर्याप्त पानी जरूर पिएं, ताकि बॉडी डिहाइड्रेट न हो। इसके साथ ही प्रोटीन, हेल्दी फैट और कार्बयुक्त डाइट जरूर लें।

भागदौड़ भरी जिंदगी में समय का अभाव होने के कारण लोग पर्याप्त नींद भी नहीं लेते हैं। नींद कम होने का असर भी आपकी सेहत पर पड़ता है।इसलिए आप रोजाना कम से कम 8 घंटे जरूर नींद ले। इससे आपका दिमाग भी फिट रहेगा और आपका वजन भी ठीक रहेगा।

अधिक मीठा खाने के कारण वजन बढ़ता है। और कई बीमारियां भी खड़ी हो जाती है। इसलिए जहां तक हो सके मीठे का सेवन बिलकुल नहीं करें। आप मीठा जितना कम खाएंगे। आपका वजन उतना ही कंट्रोल में रहेगा।

आप अपना वजन कम करना चाहते हैं। तो कम से कम आधा घंटा एक्सरसाइज व योगा करें। टहलने भी जाएं। इससे आपकी कैलोरी बर्न होगी और आपका वजन कंट्रोल में रहेगा।

आप फिट रहने के लिए रोजाना जूस का सेवन कर सकते हैं। लेकिन इस बात का ध्यान रहे कि जूस घर का बना हुआ होना चाहिए। बाजार का पैक जूस नहीं हो। आप रोजाना ताजा जूस ही पीएं।क्योंकि ताजा जूस आपके पेट को भरा रखेगा। इससे आप अतिरिक्त डाइट से बच जाएंगे। इससे आपका वजन कंट्रोल में रहेगा।

एक बात जरूर याद रखें कि कम खाने से नहीं बल्कि अच्छे खाने से वजन कम होता है। बस इसके लिए आपको मेंटेनेंस कैलोरी से 200-300 कैलोरी डेफिसिट में रहें और फिजिकल एक्टिविटी बढ़ाएं।

Disclaimer: किसी भी चीज को फॉलो करने से पहले फिटनेस ट्रेनर, न्यूट्रिशन एक्सपर्ट या डॉक्टर की सलाह जरूर लें

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