आँवला खाने के क्या – क्या फायदे होते हैं

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आँवला खाने के क्या - क्या फायदे होते हैं
आँवला खाने के क्या – क्या फायदे होते हैं

Health Benefits of eating Amla (आँवला) दिखने में एक छोटा-सा फल है परन्तु गुणों से भरपूर है। कहा जाता है कि एक आंवले में दो संतरे के बराबर विटामिन-सी पाया जाता है। आंवले में

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विटामिन-सी के अलावा जिंक, फाइबर, आयरन, कैरोटीन, कैल्शियम, विटामिन बी कॉम्प्लेक्स, एंटीऑक्सीडेंट्स आदि मिलते हैं।

आँवला किसे कहते है ? यह कैसा दिखता है ?

आँवला एक फल देने वाला वृक्ष है। जो करीब 20  फीट से 25  फुट तक लंबा पौधा होता है। आंवला के पौधे हिमालयी क्षेत्र और प्राद्वीपीय भारत में बहुता अधुक मिलते हैं। इसके अतिरिक्त यह पौधा एशिया यूरोप और अफ्रीका में भी पाया जाता है। इसके फूल घंटे की तरह होते हैं।

और फल सामान्यरूप से छोटे हरे, चिकने और गुदेदार होते हैं। स्वाद में इनके फल कसैले एवं खट्टे होते हैं। आँवला स्वास्थय की दृस्टि से बहुत अच्छा होता हे ये हमारे बालो के लिए भी बहुत उपयोगी है। आंवला और नारियल तेल मिलाकर लगाने से बालो का गिरना काम होता है तथा बाल काले घने लम्बे और मजबूत बनते है।  

आंवला औषधीय गुणों का खजाना –Health benefits of eating Amla

आंवला में अनेको औषधीय गुण पाए जाते है। इसका सेवन करने से अनेकों बिमारियां नष्ट होती है। सामान्यतः आंवला आसानी से मिल जाता है और सभी घरों में उपयोग किया जाता है।

आंवला का उपयोग

कोई आंवला का उपयोग आंवला मुरब्बा, आंवला अचार के रूप में करता है तो कोई जूस के रूप में इसका उपयोग करता है। आप चाहें तो इसका उपयोग एक औषधि के रूप में भी कर सकते हैं। यह हर प्रकार से आपकी सेहत के लिए फायदेमंद है।आप इसका जूस पिए या अचार, मुरब्बा आदि जो आपको उचित लगे वह खा सकते है। 

आंवला को अन्य नामों से भी जाता जाता है।

आवला का बॉटनिकल नाम Phyllanthus emblica है। हिंदी में आवला, संस्कृत में इसे अमृता, आमलकी, अमृतफल, पंचरसा आदि अंग्रेज़ी में ‘एँब्लिक माइरीबालन’ या इण्डियन गूजबेरी (Indian gooseberry) तथा लैटिन में ‘फ़िलैंथस एँबेलिका’ (Phyllanthus emblica) कहते हैं। इस छोटे से फल के जितने नाम है उतने ही फायदे भी हैं।

हम में से बहुत कम लोग आंवला के फायदों के बारे में जानते हैं। इसीलिए आज में sangeetaspen.com के माध्यम से हम सभी के लिए आंवला के फायदे (Health benefits of eating Amla) की जानकारी शेयर कर रही हूँ।

आंवला के फायदे – What are the Health benefits of eating Amla

आंवला मोटापा कम करता है — सुबह खाली पेट आवला जूस पीने से मोटापा काम होता है। शरीर में मोटापे का बढ़ना बीमारियों का अहम कारण होता है। ऐसी अवस्था में उचित खानपान और नियमित व्यायाम बहुत आवश्यक हो जाता है।

अगर आप किसी कारण से नियमित व्यायाम नहीं कर सकते तो रोज़ खाली पेट एक गिलास आंवले का जूस लीजिये। नियमित रूप से आंवला जूस पीने से काफी हद तक मोटापे की समस्या से निजात मिलती है। आंवला जूस मेटाबॉलिज़्म को बढ़ाता है। जो वज़न कम करने में मददगार साबित होता है। आंवला पोषक तत्वों का भण्डार है।

आंवला दिल को स्वस्थ रखता है – आजकल असंतुलित जीवनशैली की वजह से कोलेस्ट्रॉल और दिल से सम्बंधित अनेकों बीमारियाँ बढ़ रही हैं। ऐसे में आंवले के जूस का सेवन दिल को स्वस्थ रखता है और कोलेस्ट्रॉल सम्बंधित बीमारियों में फायदेमंद होता है। आवला जूस का नियमित सेवन बीमारियों के खतरे को कम करता है।

आंवला जूस से गले की खराश कम होती है — यदि आप भी गले की खराश से परेशान है तो आंवले के जूस का सेवन बेहद आरामदायक उपाय है। ऐसे में आप आंवले के रस का काढ़ा बनाकर भी सेवन कर सकते हैं। और एक आंवले को मुँह में रखा कर धीरे-धीरे चबा कर खा सकते है। दोनों ही उपाय आपको आराम दिलाएंगे। आंवले में एंटी-बैक्टीरियल, एंटी-इन्फ्लेमेटरी, एंटी-वायरल गुण होते हैं। जो बुखार और गले की खराश दोनों से आराम दिलाते है।

आंवला मधुमेह के रोग में है फायदेमंद — यदि किसी व्यक्ति को मधुमेह से सम्बंधित समस्या है तो ऐसे में आंवला जूस या कच्‍चा आंवला डायबिटीज के लक्षणों को कम करने के लिए सबसे ज्‍यादा फायदेमंद माना जाता है। मधुमेह के मरीजों को आंवले का जूस भी कई तरह से लाभ पहुंचाता है। 

आंवला  ब्‍लड शुगर कंट्रोल करता है — ये ब्‍लड शुगर लेवल को नियंत्रित करने में मदद करता है और प्राकृतिक रूप से कोलेस्‍ट्रोल के स्‍तर को घटाता है आंवला ब्‍लड शुगर लेवल को कंट्रोल करता है।

आंवला जूस पाचन शक्ति में लाभदायक — आजकल प्रायः सभी को पेट से जुड़ी अनेकों समस्याएँ होने लगी हैं। कई बार दवाइयों के अधिक सेवन से भी पेट सम्बन्धी समस्याएँ और साइड इफेक्ट्स भी हो जाते है। इन सभी समस्याओं का एकमात्र उपचार है आंवले के जूस का सेवन।

आंवले में फाइबर की मात्रा पाई जाती है साथ ही इसमें एंटी-इंफ्लेमेटरी गुण होते हैं। जो पाचन क्रिया के लिए लाभकारी साबित होते है। आंवले के जूस के नियमित सेवन से अल्सर, गैस्ट्रिक और पाचन क्रिया से सम्बंधित समस्याएँ काफ़ी हद तक कम हो सकती हैं।

आंवला जूस बार-बार पेशाब की समस्या भी दूर करता है — असामान्य जीवनशैली और खराब खानपान की वजह से शरीर में विषैले पदार्थ जमने लगते हैं। जिनका बाहर निकलना बहुत आवश्क होता है। जिसके लिए शरीर को डिटॉक्सीफाई करने की आवश्यकता होती है। आंवले में डायूरेटिक गुण पाए जाते हैं। जिसकी मदद से शरीर के विषैले पदार्थ मूत्र के माध्यम से बाहर निकल जाते हैं। और पेशाब सामान्य रूप से होने लगती है।

आंवला बालों की ग्रोथ में मदद करता है — आंवले का तेल कई तरह के फैटी ऐसिड्स से भरपूर होने की वजह से बालों की वृद्धि में तेजी लाता है। इससे बाल तेजी से बढ़ते हैं और मजबूत होते हैं। साथ ही यह ड्राइ, इची स्कैल्प और डैंड्रफ से भी छुटकारा दिलाता है।

आंवला बालों का झड़ना कम करता है — सबसे बेहतर उपाय है आंवले का तेल। इसके लिए कुछ सूखे आंवले लेकर पानी में उबाल लें। जब यह ठीक तरह से उबल जाए तब इसे अच्छी तरह से मैश करके पेस्ट बना लें। अब आप इस पेस्ट को स्कैल्प और बालों पर लगा सकते हैं। इसे आप हफ्ते में एक बार कर सकते हैं। इससे बालों के झड़ने पर रोक लगती है।

आंवले के जूस का इस्तेमाल भी बालों के झड़ने पर रोक लगाने के लिए किया जा सकता है। इसके लिए आप आंवले के जूस सीधे बालों में लगाएं और आधे घंटे बाद बालों को पानी से धो लें।

Health Benefits of eating Amla

आंवला रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाता है — आजकल लोगों की रोग प्रतिरोधक क्षमता कम हो गयी है। इसलिए उन्हें बदलते हुए मौसम में सर्दी खांसी, बुखार जैसी समस्याएँ हो जाती हैं। ऐसे में अगर आंवला के जूस का सेवन किया जाए तो रोग प्रतिरोधक क्षमता में काफ़ी हद तक सुधार होता है।

आंवला जूस आंखों की रोशनी को बढ़ाता है — आजकल व्यक्ति ज़्यादा समय टीवी, मोबाइल, कंप्यूटर, आदि में व्यतीत करता है। जिसका असर सीधे आंखों पर होता है। कई बार तो धूल – मिट्टी और अत्यधिक प्रदूषण की वजह से भी आंखों से सम्बंधित समस्याएँ उत्पन्न हो जाती हैं। जिसका समय रहते ही इलाज करना बेहद ज़रूरी होता है। ऐसे में आंवला जूस का नियमित सेवन किया जाए तो न सिर्फ़ आंखों की रोशनी तेज होगी बल्कि आंखों से जुड़े संक्रमण से भी निजात मिलेगी।

आंवला जूस खून साफ करने में मदद करता है — खून में अत्यधिक अशुद्धियाँ होने की वजह से इसका असर हमारी त्वचा पर दिखने लगता है जैसे कील मुंहासे फोड़े फुंसी, चेहरे पर धब्बे आदि दिखने लगते हैं। कई बार खून साफ ना होने की वजह से कमजोरी, शरीर दर्द, थकान और पेट की समस्याएँ उत्पन्न हो जाती हैं।

ऐसे में आवश्यकता है संतुलित आहार लें और खूब पानी पिए। खून की अशुद्धियों को साफ करने के लिए आंवले के जूस का सेवन करे। आंवले में एंटीबैक्टीरियल, एंटीऑक्सीडेंट, एन्टीइंफ्लेमेटरी गुण पाए जाते हैं जो खून में मौजूद अशुद्धियों को खत्म कर देते है

आंवला जूस हड्डियों को मजबूत करता है — बढ़ती हुई उम्र के साथ-साथ हड्डियाँ कमजोर होने लगती हैं। ऐसे में बेहद ज़रूरी हो जाता है कि वक्त रहते ही इस बात का खास ध्यान रखा जाए। अन्यथा बाद में यह गंभीर समस्या बन जाती है। और आर्थराइटिस होने की संभावना बढ़ने लगती है।

कई बार शरीर में ज़रूरी पोषक तत्वों की कमी की वजह से भी हड्डियाँ कमजोर होने लगती हैं। ऐसे में दवाइयों से पहले घरेलू उपाय में आंवले का सेवन करना बेहद लाभदायक होता है। आंवले में एंटी-इंफ्लेमेटरी गुण पाये जाते है। इसके अलावा इसमें विटामिन-C भी पाया जाता है। जो आपकी हड्डियों की परेशानी को दूर कर सकता है। कोशिश करें कि हर रोज़ आंवले का रस या आंवला अपने आहार में शामिल करें।

आँवला खाने के फायदे
आँवला खाने के फायदे

आपके सवाल हमारे जवाब – What are the Health benefits of eating Amla

आंवला और दूध के क्या फायदे है ?

  • खासी होने पर दिन में तीन बार गाय के दूध के साथ आंवले का मुरबब खाये अगर खासी ज्यादा तेज़ हो रही हो तो आवला को शहद के साथ भी खा सकते है।
  • बबासीर में आवला के फायदे बबासीर के मरीज़ आंवले को सूखा कर उसका बारीक चूर्ण बना ले और सुबह शाम एक माह तक सेवन करने से बबासीर में आराम मिलता है।

  • अगर आपको या आपके किसी परिचित को नकसीर (नाक से खून आना) आने की समस्या है तो आवला को बारीक पीस कर उसे बकरी के दूध में मिलाकर हलके हाथो से माथे पर लगाए इससे नकसीर बहना बंद हो जाएगा

आंवला जूस कब और कितनी मात्रा में पीना चाहिए ?

आंवला जूस सुबह खाली पेट 10 से 20 मिलीग्राम लें सकते हैं। या आप इसे 10 -10 सुबह शाम दो बार भी ले सकते हैं। 10 या 20 मिलीग्राम से ज्यादा आंवला जूस का सेवन सेहत के लिए हानिकारक हो सकता है।

आंवला चूर्ण और मिश्री के फायदे ?

10-20 मिली आंवला के रस या आंवला चूर्ण में 5-10 ग्राम मिश्री मिलाकर सेवन करने से हिचकी और उल्टी बंद हो जाती है। साथ ही सर दर्द, स्वप्न दोष एवं महिलाओ की अनेको समस्याएं होती है । जिनमे मुख्य समस्या श्वेत प्रदर की बीमारी इन सभी से राहत के लिए आंवला चूर्ण के साथ मिश्री के चूर्ण का उपयोग करे

आंवला और मिश्री चूर्ण कैसे बनाते है ?

सूखे आंवले जिनमे गुठली ना हो तथा मिश्री को अलग अलग बारीक पीस लें । और दोनों को बराबर मात्रा में मिला ले । या इसके लिए आप आंवला पावडर का उपयोग भी कर सकते है । इस मिश्रण को बराबर मात्रा में बनाये । (100 ग्राम आंवला पावडर और 100 ग्राम मिश्री) अब इस आंवला और मिश्री चूर्ण मिलाकर किसी कांच के बर्तन में रख लें।

आंवला मुरब्बा के फायदे – Health Benefits of eating Amla

आंवला मुरब्बा में एंटी-एस्ट्रिंजेंट गुण पाए जाते है जिसके कारण हमारी त्वचा को ठंडक मिलती है। आंवला या आंवला मुरब्बा खाने से चेहरे की झुर्रियों भी काम होती है तथा आवला मुरब्बा से हमे विटामिन ए कोलेजन प्राप्त होता है।

जिससे त्वचा मुलायम और युवा रहती है। यह चेहरे से काले धब्बे और मुँहासों के निशानों को भी मिटाता है। चेहरे से काले धब्बों को कम करने के लिए कम से कम छह महीने तक आंवला के मुरब्बे का उपयोग करना चाहिए।

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