Why is mangosteen called the queen of fruit & Benefits,use |मैंगोस्टीन

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Mangosteen Benefits and side effects in Hindi | Why is mangosteen called the queen of fruit? मैंगोस्टीन (Mangosteen) क्या है?
Why is mangosteen called the queen of fruit

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Mangosteen Benefits and side effects in Hindi | Why is mangosteen called the queen of fruit?

मैंगोस्टीन (Mangosteen) क्या है?

मैंगोस्टीन (Mangosteen) फल के बारे में शायद कम लोग जानते होंगे, यह हमारे स्वास्थ्य के लिए बहुत लाभदायक होता है। मैंगोस्टीन फल को विदेशी उष्णकटिबंधीय फल भी कहा जाता है। जिसका वैज्ञानिक नाम गार्सिनिया मैंगोस्टाना (Garcinia mangostana)

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है। यह एक उष्णकटिबंधीय फल है मैंगोस्टीन (Mangosteen) एक सदाबहार फल है जो विशेष रूप से इंडोनेशिया में पाया जाता है। मैंगोस्‍टीन थाईलैंड का राष्‍ट्रीय फल भी है। जिसका स्वाद थोड़ा खट्टा-मीठा होता है। यह फल मुख्य रूप से दक्षिण पूर्व एशिया और भारत मे केरला राज्य मे पाया जाता है।

इसका पेड़ 6 मीटर से लेकर 25 मीटर तक लंबा हो सकता है। इसके फल का इस्तेमाल मिठाई बनाने के लिए भी किया जाता है।मैंगोस्टीन (Mangosteen)को फलों की रानी भी कहा जाता है। यह बैंगनी रंग का होता है।मैंगस्‍टीन सेहत के लिहाज से अच्छा फल है। इसमें सभी प्रकार के पोषक तत्‍व और खनिज पदार्थ पाए जाते है। मैंगोस्टीन ब्लड प्रेशर, कैंसर को रोकने और कोलेस्‍ट्रॉल को नियंत्रित करने के लिए इसका प्रयोग किया जाता है। इसके फल के साथ पपड़ी, टहनी और छाल का उपयोग औषधि के रूप में किया जाता है।

मैंगोस्टीन (Mangosteen) के अन्य नाम

इसे दूसरे नामों से भी जाना जाता है। हिंदी में इसे मैंगोस्टीन कहा जाता है। तेलुगु में ‘इवारुममिडी’ (Ivarumamidi) कहते हैं, बंगाली में ‘काओ'(Kao), मलयालम में ‘कट्टम्पी'(Kaattampi), कन्नड़ में ‘मुरुगला हन्नू’, गुजराती में ‘कोकम’ के नाम से जाना जाता है।

एक कप मैंगोस्टीन (Mangosteen) में ये पोषक तत्व पाए जाते हैं।

कैलोरी : 143
कार्बोहाइड्रेट : 35 ग्रामGarcinia Mangostana; Booah Mangies; Boorong Merbo (William Farquhar Collection, 1819–1823).jpg
फाइबर : 3.5 ग्राम
फैट : 1 ग्राम
प्रोटीन की मात्रा : 1 ग्राम
विटामिन-सी : 9% RDI (Recommended Daily Intake)
विटामिन-बी9 : 15% RDI
विटामिन-बी1 : 7% RDI
विटामिन-बी 2 : 6% RDI
मैगनीज : 10% RDI
कॉपर : 7% RDI
मैग्नीशियम : 6% RDI

मैंगोस्टीन का उपयोग किस लिए किया जाता है?

मैंगोस्टीन का उपयोग (Mangosteen) कई तरह के रोगों में किया जाता है। इसमें सबसे ज्यादा एंटी-ऑक्‍सीडेंट पाए जाते हैं। इसमें प्राकृतिक रूप से पॉलीफेनोल (polyphenol) पाया जाता है जो जैंथोन के नाम से जाना जाता है। मैंगोस्‍टीन (Mangosteen) में जेन्‍थोन्‍स-एल्‍फा मैंगोस्‍टीन और गामा मैंगोस्‍टीन होते हैं। ये तनाव को कम करने के काम आता है। ये एंटीऑक्‍सीडेंट शरीर को कई प्रकार के इंफेक्शन से बचाते हैं। साथ ही हृदय रोग, सर्दी और कैंसर का रिस्क कम करने में मदद करता है।

इसके अलावा मैंगस्टन इन समस्याओं के लिए भी फायदेमंद होता है :

पेचिश
डायरिया
यूरेनरी ट्रैक इंफेक्शन (UTIs)
सूजाक (Gonorrhea)
थ्रश (Thrush)
एक्जिमा (Eczema)
पीरियड्स में अनियमितता (Menstural Disorder)
अल्‍जाइमर रोग (Alzheimer’s Disease)
मसूड़ों संबंधी समस्‍या

मैंगोस्टीन (Mangosteen)कैसे काम करता है?

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  • मैंगोस्टीन (Mangosteen) में टैनिन पाया जाता है। टैनिन डायरिया के इलाज में काम आता है। वहीं, इसमें जैनथोंस पाया जाता है, जिसमें एंटीबायोटिक, एंटीबैक्टीरियल गुण होते हैं। इसलिए इसका प्रयोग यूरेनरी ट्रैक इंफेक्शन के इलाज में भी किया जाता है।मैंगोस्टीन में प्राकृतिक रूप से पाए जाने वाले कार्बनिक यौगिकों को एक्सथोन्स कहा जाता है
  • पारंपरिक चिकित्सा में इस पौधे के अनेक भागो का इस्तेमाल किया जाता है। जो स्किन इंफेक्शन, घाव, पेचिश, टीबी, कैंसर, गठिया रोग और आंत से जुड़ी समस्याओं के इलाज में मददगार होता है। इसके साथ ही, इस फल का इस्तेमाल इम्यून सिस्टम को मजबूत बनाने और मेंटल हेल्थ को बेहतर बनाने के लिए भी किया जाता है।
  • इसके अलावा, कुछ लोग इस फल को सीधा स्किन से जुड़ी समस्याओं जैसे एग्जिमां के लिए भी इस्तेमाल करते हैं। मैंगोस्टीन (Mangosteen) के छिलको का उपयोग साबुन और शैम्पू बनाने के लिए भी किया जाता हैं, आमतौर पर इसका इस्तेमाल मिठाई बनाने और जाम बनाने के लिए किया जाता है। हालांकि, आप इसका इस्तेमाल हेल्थ ड्रिंक के तौर पर भी इस्तेमाल किया जाता है।
  • इससे बनाए गए जूस को मार्केट में “जैंगो जूस” के नाम से बेचा जाता है। कुछ मार्केटर्स का दावा है कि जैंगो जूस दस्त, मासिक धर्म की समस्याओं, मूत्र पथ के संक्रमण, टीबी और अन्य कई प्रकार का इलाज कर सकता है। हालांकि, इन बातों की पुष्टि करने के लिए अभी को उचित अध्ययन नहीं हुए हैं।

मैंगोस्टीन का उपयोग मासिक धर्म के लिए – महिलाओं को मासिक धर्म के चक्र के दौरान बहुत सी समस्या का सामना करना पड़ता है। मासिक धर्म से जुडी समस्या को दूर करने के लिए मैंगोस्टीन फल का उपयोग करना चाहिए। इसमें बहुत से औषधीय गुण होते है जो दर्द से राहत देता हैं।

ऊर्जा बढ़ाने में मदद करें — कुछ शोधकर्ता के अनुसार मैंगोस्टीन फल का सेवन करने से शारीरिक ऊर्जा बढ़ने में मदद मिलता है। इसमें फाइबर व पोषक तत्वों का समावेश होता है। यदि सुबह इस फल का सेवन करते है तो पुरे दिन आपके शरीर में ऊर्जा बनी रहती है।

इम्युनिटी बढ़ाने में – शरीर की इम्युनिटी बढ़ाने में मैंगोस्टीन फल का उपयोग फायदेमंद होता है। इसमें विटामिन सी की अच्छी मात्रा होती है जो प्रतिशा प्रणाली बढ़ाने में मदद करता है। अगर आपके रोग प्रतिरोधक क्षमता कमजोर है तो आपको मैंगोस्टीन फल का सेवन करना चाहिए। यह फल कई तरह की संक्रामक बीमारियों से सुरक्षा करता हैं।

सूजन कम करने में – मैंगोस्टीन फल में अच्छी मात्रा में एंटी-इंफ्लामेटरी गुण होता है। इस वजह से सूजन संबंधित समस्या को कम करने में मदद करता है। अगर आपको सूजन की समस्या हो रही है, तो मैंगोस्टीन फल का सेवन करना चाहिए। इसके अलावा सर्दी-फ्लू जैसी समस्या को ठीक करने में लाभदायक होता है।

वजन कम करने में – बहुत से लोग अपना वजन कम करने के लिए बहुत से घरेलु उपचार का उपयोग करते है किंतु कोई सटीक निष्कर्ष नहीं निकल पाता है। अधिक कैलोरी लेने से वजन बढ़ने लगता है। इसलिए मेगोस्टीन फल का सेवन करना चाहिए। इसमें अच्छी मात्रा में फाइबर, पोषक तत्व उपस्थित है जो वजन को बढ़ने से रोकता है। यदि कोई व्यक्ति वजन कम करना चाहते है तो मेगोस्टीन फल को अपनी डाइट में शामिल करें।

मैंगोस्टीन (Mangosteen) कैसे खाएं ?

मैंगोस्टीन (Mangosteen) हर जगह नहीं मिलता है। यह एक मौसमी फल है और यह सिर्फ गर्मियों में होता है। इसलिए इसकी उपलब्धता काफी सीमित है। आपके इसे विशेष एशियाई बाजारों से खरीद सकते हैं। ये जमे हुए या डिब्बे में बंद रूपों में भी बाजार में मौजूद है। मैंगस्टन का छिलका चिकना और गहरे बैंगनी रंग का होता है। जो खाने योग्य नहीं होता है। इसे आप चाकू के जरिए आसानी से हटा सकते हैं। इसके अंदर सफेद और रसदार गूदा होता है। आप गूदे का सेवन कर सकते हैं।मैंगोस्टीन फल को रस के रूप में या पाउडर के पूरक के रूप में भी खाया जा सकता है।

मंगोस्टीन एक ऐसा फल है जो स्वास्थ्य और दीर्घायु प्रदान करता है

मैंगोस्टीन का उपयोग करने से पहले क्या पता होना चाहिए?

मैंगोस्टीन का उपयोग करना पूरी तरह सुरक्षित है। मैंगोस्टीन के फायदे एक नहीं बल्कि अनेक हैं। बस इसे गर्भवती महिला और कुछ विशेष दवाओं का सेवन करने वालों को खाने से बचना चाहिए। इसके अलावा, ज्यादा मात्रा में इस फल का सेवन करने से आपको पाचन संबंधी समस्याएं हो सकती हैं।

कुछ लोगों को मैंगोस्टीन (Mangosteen) से एलर्जी भी हो सकती है। वहीं, गर्भवती महिलाओं द्वारा सेवन करने से भ्रूण को नुकसान पहुंच सकता है। इसलिए अगर आप इस फल का सेवन कर रहे हैं तो अपने डॉक्टर या हर्बलिस्ट ले बात जरूर कर लें।

मैंगोस्टीन का उपयोग कितना सुरक्षित है?

मैंगोस्टीन (Mangosteen) का हर उम्र के लोगों के लिए सुरक्षित है। लेकिन, इसका मतलब ये नहीं है कि इसका सेवन ज्यादा से ज्यादा खाया जाए। निश्चित मात्रा का सेवन आपके लिए पूरी तरह से सुरक्षित है। इसलिए सेवन से पहले डॉक्टर या हर्बलिस्ट की राय ले लें।


मैंगोस्टीन के सेवन से क्या साइड इफेक्ट हो सकते हैं ? मैंगोस्‍टीन के नुकसान – Mangosteen ke Nuksan in Hindi

मैंगोस्‍टीन फल का सेवन करना स्‍वास्‍थ्‍य के लिए बहुत ही फायदेमंद होता है। लेकिन कुछ लोगों के लिए मैंगोस्‍टीन के नुकसान भी हो सकते हैं। इसलिए अधिक मात्रा में इस फल का सेवन करने से बचना चाहिए।

मैंगोस्टीन (Mangosteen) का अधिक सेवन करने से कुछ साइड इफेक्ट्स भी सामने आए हैं 

पाचन संबंधी समस्‍याएं
दस्‍त या पेट दर्द की समस्‍या
रक्त के थक्के बनने की प्रक्रिया को धीमा कर सकते हैं
प्रभाव

मैंगोस्टीन (Mangosteen) के साथ मुझ पर क्या प्रभाव पड़ सकता है?

मैंगस्टीन में एंटीऑक्सीडेंट पाया जाता है। यदि आप कीमोथेरेपी ले रहे हैं तो दवाओं के साथ इसका सेवन आपके शरीर पर प्रभाव डाल सकता है। इसके अलावा, हिस्टामिन रोधी (anti-histamines) दवाओं के साथ इसका प्रयोग नहीं करना चाहिए।


मैंगोस्टीन (Mangosteen) की सही खुराक क्या है?

मैंगोस्टीन (Mangosteen) की खुराक के बारे में कोई खास वैज्ञानिक साक्ष्य नहीं है। लेकिन, इसका सेवन उम्र, स्वास्थ्य स्थिति आदि के आधार पर करना चाहिए। इसलिए आप अपने डॉक्टर या हर्बलिस्ट से बात कर के ही मैंगोस्टीन का सेवन करें।


मैंगोस्टीन (Mangosteen) किन रूपों में उपलब्ध है?

मैंगोस्टीन (Mangosteen) निम्न रूपों में उपलब्ध हैबैंगनी मेन्गोस्टीन - विकिपीडिया

  • जूस
  • फल
  • डिब्बे में बंद टुकड़े

 

इसी तरह की अन्य जानकारी हिन्दी में पढ़ने के लिए https://sangeetaspen.com/आप यहां क्लिक करें। sangeetaspen.com किसी भी प्रकार की मेडिकल सलाह, निदान नहीं देता है न ही इसके लिए जिम्मेदार है।

Q : मैंगोस्टेन्स कहाँ उगते हैं

Ans : Mangosteens विशेष रूप से दक्षिण पूर्व एशिया में बड़े पैमाने पर उगाए जाते हैं क्योंकि फल बढ़ती जलवायु और स्थितियों के बारे में है। एक मौसम में एक पेड़ पर 1,000 मैंगोस्टेन्स की उपज हो सकती है, लेकिन पौधे केवल दो साल में ही अच्छी फसल पैदा करते हैं।

Q : मैंगोस्टीन के स्वास्थ्य लाभ क्या हैं?

Ans : इस फल में कैल्शियम और विटामिन सी के उच्च स्तर के साथ-साथ ऐसे यौगिक होते हैं एशिया में पारंपरिक संस्कृतियों ने भी दस्त को ठीक करने के लिए छिलका का उपयोग किया है।

Q : मैंगोस्टीन इतना महंगा क्यों है?

Ans : यह एक सामान्य फल नहीं है और अमेरिका में कहीं भी उगाया नहीं जा सकता है, जिससे कीमत बढ़ जाती है।

Q : क्या अमेरिका में मैंगोस्टीन पर प्रतिबंध लगाया गया है?

Ans : यह अब और नहीं है, लेकिन 2007 तक यूएस अप में ढूंढना वास्तव में कठिन है, ताजा मैंगोस्टीन पर आशंका के कारण प्रतिबंध लगाया गया था कि वे अत्यधिक विनाशकारी बैक्ट्रोसेरा डॉर्सालिस को बढ़ा सकता है ।

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