World AIDS Vaccine Day 2021:विश्व एड्स वैक्सीन दिवस का इतिहास, महत्व

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World AIDS Vaccine Day 2021:विश्व एड्स वैक्सीन दिवस का इतिहास, महत्व
World AIDS Vaccine Day 2021:विश्व एड्स वैक्सीन दिवस का इतिहास, महत्व

World AIDS Vaccine Day 2021: ये 1998 की बात है जब 18 मई को दुनिया ने पहला विश्व एड्स वैक्सीन दिवस देखा। विश्व एड्स वैक्सीन दिवस (World AIDS Vaccine Day

) का विचार अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति बिल क्लिंटन ने 18 मई, 1997 को मॉर्गन स्टेट यूनिवर्सिटी में भाषण दिया था। जिसमें क्लिंटन ने कहा था कि, “सिर्फ HIV टीका ही एड्स के खतरे को कम कर सकती है।”

World AIDS Vaccine Day 2021 : की थीम इस साल का थीम ‘वैश्विक एकजुटता, साझा जिम्मेदारी’ रखा गया है।

विश्व एड्स वैक्सीन दिवस 2021

दुनिया भर में 18 मई को हर साल विश्व एड्स वैक्सीन दिवस (World Aids Vaccine Day) मनाया जाता है. इस दिन को HIV वैक्सीन जागरुकता दिवस के तौर पर भी संबोधित किया जाता है।

इसका मकसद HIV संक्रमण और एड्स की रोकथाम के लिए HIV वैक्सीन की जरूरत के सिलसिले में जागरुकता बढ़ाने की तरफ होता है। इस मौके पर एड्स की प्रभावी और सुरक्षित वैक्सीन की तलाश के लिए एक साथ काम कर रहे वैज्ञानिक, स्वास्थ्य पेशेवर और वॉलेंटियर का शुक्रिया और स्वीकृति अदा किया जाता है।


विश्व एड्स वैक्सीन दिवस (World Aids Vaccine Day) अंतरराष्ट्रीय समुदाय को नई तकनीक में निवेश के महत्व को मान्यता देने पर भी जोर देता है। इस अद्भुत पहल के जरिए लोगों को बताया जाता है। कि HIV को रोका जा सकता है और हर एक को रोकथाम प्रक्रिया में अहम भूमिका निभाना है।और वैश्विक जिम्मेदारी को जरूर साझा करना चाहिए।

आखिर एड्स है क्या ?

एड्स यानी एक्वायर्ड इम्यूनो डेफिसिएंसी सिंड्रोम है। एड्स से पीड़ित व्यक्ति में वायरस व्हाइट ब्लड सेल्स जिन्हें संक्रमण से लड़ने वाली कोशिकाओं के तौर पर जाना जाता है।

उन्हें डैमेज करके बॉडी की इम्युनिटी को पूरी तरह से खत्म कर देता है। जिससे मरीज की स्थिति धीरे-धीरे गंभीर होती जाती है। सही समय पर इलाज न मिलने की दशा में व्यक्ति की मृत्यु भी हो जाती है। इसलिए इस दिन वैक्सीन के महत्व और जरूरत के प्रति लोगों को बताया जाता है।

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विश्व एड्स वैक्सीन दिवस का इतिहास, महत्व


विश्व एड्स दिवस की परिकल्पना अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति बिल क्लिंटन के मोर्गन स्टेट यूनिवर्सिटी में 18 मई, 1997 को दिए भाषण से आई।अपने भाषण में उन्होंने कहा था, “वास्तव में मात्र एक प्रभावी, निवारक HIV वैक्सीन ही एड्स के खतरे को कम और अंत में मिटा सकती है।”

क्लिंटन ने दुनिया को नए लक्ष्य निर्धारित करने और अगले दशक के अंदर एड्स की वैक्सीन विकसित करने की चुनौती दी थी। इसके नतीजे में उनके भाषण का वर्षगांठ मनाने के लिए पहली बार विश्व एड्स वैक्सीन दिवस 18 मई, 1998 को मनाया गया।


तब से आज तक 18 मई को विश्व एड्स वैक्सीन दिवस (World Aids Vaccine Day) के तौर पर मनाने की परंपरा जारी है। विश्व एड्स वैक्सीन दिवस (World Aids Vaccine Day) के मौके पर दुनिया भर में कई तरह की गतिविधियों को अंजाम दिया जाता है।

शैक्षणिक सेमीनार, वर्कशॉप, कांफ्रेंस और अभियान कई देशों में आयोजित किए जाते हैं। लेकिन पिछले साल से कोविड-19 महामारी के कारण विश्व एड्स वैक्सीन दिवस के मौके पर भीड़भाड़ की अनुमित नहीं है। एक मंच पर लोगों के मौजूद होने के बजाए स्वास्थ्य पेशेवरों और वैज्ञानिकों के लिए वीडियो कांफ्रेंसिंग का इस्तेमाल संचार माध्यम के तौर पर किया जा रहा है।

विश्व एड्स वैक्सीन दिवस का थीम

विश्व एड्स वैक्सीन दिवस (World Aids Vaccine Day) के जागरुकता अभियान के हिस्से के तौर पर हर साल एक नया थीम चुना जाता है।इस साल का थीम ‘वैश्विक एकजुटता, साझा जिम्मेदारी’ रखा गया है।

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